प्र.1. घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग क्या है?
घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग भगवान शिव को समर्पित एक प्रमुख हिंदू तीर्थस्थल है। इसे बारह ज्योतिर्लिंगों में अंतिम माना जाता है। यह मंदिर महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले के वेरूल (एलोरा) में, एलोरा गुफाओं के पास स्थित है।
प्र.2. घृष्णेश्वर का क्या अर्थ है?
घृष्णेश्वर का अर्थ “करुणा के स्वामी” होता है। यह भगवान शिव की दयालु और करुणामय प्रकृति को दर्शाता है।
प्र.3. घृष्णेश्वर मंदिर क्यों जाना चाहिए?
घृष्णेश्वर मंदिर की यात्रा आस्था और भक्ति से जुड़ा दिव्य अनुभव है। यह आध्यात्मिक शांति और शिव कृपा प्राप्त करने का प्रमुख स्थान है।
प्र.4. घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर कहाँ स्थित है?
घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर वेरूल (एलोरा), छत्रपति संभाजीनगर के पास, महाराष्ट्र में स्थित है।
प्र.5. घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग का इतिहास क्या है?
घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग का संबंध घुष्मा नामक भक्त महिला की कथा से है। वर्तमान मंदिर का पुनर्निर्माण रानी अहिल्याबाई होलकर ने 18वीं शताब्दी में कराया।
प्र.6. क्या घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग महाराष्ट्र में है?
हाँ, घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग महाराष्ट्र राज्य में स्थित है।
प्र.7. घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग का स्थान क्या है?
घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग 12वाँ स्थान रखता है।
प्र.8. यहाँ कौन-सी पूजाएँ होती हैं?
रुद्राभिषेक, पंचामृत पूजा, जलाभिषेक, लघु रुद्राभिषेक।
प्र.9. जाने का सबसे अच्छा समय?
सुबह जल्दी और अक्टूबर से मार्च का समय सर्वोत्तम है।
प्र.10. आरती का समय?
मंगला आरती – 4:00 बजे
सायंकालीन आरती – 7:30 बजे
रात्रि आरती – 10:00 बजे
प्र.11. क्या प्रवेश शुल्क है?
नहीं, दर्शन निःशुल्क है।
प्र.12. दूरी कितनी है?
लगभग 31 किमी, सड़क मार्ग से पहुँचा जा सकता है।
प्र.13. मंदिर का समय?
5:30 सुबह से 9:30 रात तक।
प्र.14. पास के दर्शनीय स्थल?
एलोरा गुफाएँ, कैलास मंदिर, दौलताबाद किला।
प्र.15. महाराष्ट्र में कौन-कौन से ज्योतिर्लिंग स्थित हैं?
महाराष्ट्र में त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग (नासिक), भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग (पुणे जिला), घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग (एलोरा, छत्रपति संभाजीनगर), औंधा नागनाथ ज्योतिर्लिंग (हिंगोली जिला) और परली वैजनाथ ज्योतिर्लिंग (बीड जिला) स्थित हैं।